पाँच दिन पहलेसे ही यत्नपूर्वक बहुत-से बिछानेके वस्त्र एकत्र कर ले तथा केलेके खंभोंसे सुशोभित एक ऊँचा मण्डप तैयार कराये॥ १४॥✎ 1271
अर्वाक्पञ्चाहतो यत्नादास्तीर्णानि प्रमेलयेत्।
कर्तव्यो मण्डपः प्रोच्चैः कदलीखण्डमण्डितः॥ १४
पाँच दिन पहलेसे ही यत्नपूर्वक बहुत-से बिछानेके वस्त्र एकत्र कर ले तथा केलेके खंभोंसे सुशोभित एक ऊँचा मण्डप तैयार कराये॥ १४॥
श्रीमद्भागवत महापुराण PRE.6.14 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 71) · https://371ace2f.srimad-bhagavatam.pages.dev/mahatmya/padma/6/14/इस श्लोक और इसके अर्थमें की गयी शुद्धियाँ (1)
#1271 अक्षर (मुद्रित पृष्ठके पाठसे): ऊँचाई-पर → ऊँचाईपर