उस समय उशीनरराजाके सम्बन्धियोंने जो विलाप किया था, उसे सुनकर वहाँ स्वयं यमराज बालकके वेषमें आये और उन्होंने उन लोगोंसे कहा—॥ ३६॥
तत्र ह प्रेतबन्धूनामाश्रुत्य परिदेवितम्।
आह तान् बालको भूत्वा यमः स्वयमुपागतः॥ ३६
उस समय उशीनरराजाके सम्बन्धियोंने जो विलाप किया था, उसे सुनकर वहाँ स्वयं यमराज बालकके वेषमें आये और उन्होंने उन लोगोंसे कहा—॥ ३६॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 7.2.36 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 814) · https://371ace2f.srimad-bhagavatam.pages.dev/7/2/36/