श्रीमद्भागवत महापुराणगीताप्रेस, गोरखपुर — मुखपृष्ठ
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॥ श्रीहरिः ॥

श्लोक 9.8.19

नवम स्कन्ध · अध्याय 8 · अथाष्टमोऽध्यायः

अयोध्यावासिनः सर्वे बालकान् पुनरागतान्।

दृष्ट्वा विसिस्मिरे राजन् राजा चा१प्यन्वतप्यत॥ १९

ayodhyāvāsinaḥ sarve bālakān punarāgatān|

dṛṣṭvā visismire rājan rājā cāpyanvatapyata|| 19

अर्थ

अयोध्याके नागरिकोंने जब देखा कि हमारे बालक तो फिर लौट आये तब उन्हें असीम आश्‍चर्य हुआ और राजा सगरको भी बड़ा पश्‍चात्ताप हुआ॥ १९॥

टिप्पणियाँ

  1. १

    चाथान्व०।

    (मुद्रित पृष्ठ 43)

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